लखनऊ। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने सोमवार को लखनऊ में मीडिया से बातचीत के दौरान प्रदेश की योगी सरकार पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्षी नेताओं को बदनाम करने के लिए सरकार AI के जरिए वीडियो तैयार कराकर उन्हें सोशल मीडिया पर वायरल कर रही है। अखिलेश ने कहा कि सरकार ऐसा करना बंद करे, वरना AI के मामले में हम उसे पीछे छोड़ देंगे।
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को लेकर तैयार किया गया एक AI वीडियो भी दिखाया गया। इसमें प्रदेश की कानून-व्यवस्था समेत कई मुद्दों को लेकर सवाल उठाए गए। अखिलेश यादव ने कहा कि सरकार विपक्ष को बदनाम करने के लिए बच्चों जैसे खेल न खेले। AI के मामले में हम उससे काफी आगे हैं।
‘प्रदेश में बड़े पैमाने पर हो रही लूट’
अखिलेश यादव ने प्रदेश सरकार पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश में इस समय बड़े पैमाने पर लूट हो रही है। उन्होंने दावा किया कि यह अब तक की सबसे ज्यादा भ्रष्ट सरकार है। उन्होंने कहा कि सरकार स्कूलों को बंद करवा रही है। समाजवादी पार्टी बंद किए गए स्कूलों में जाकर कार्यक्रम आयोजित करेगी और जनता को सरकार के कथित कारनामों के बारे में बताएगी।
एक्सप्रेसवे की खराब स्थिति पर सरकार को घेरा
सपा अध्यक्ष ने कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेसवे को लेकर भी सरकार पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि एक्सप्रेसवे बनने के बाद उसमें गड्ढे हो गए हैं और अब डिजाइन में गड़बड़ी की बात कही जा रही है। ऐसे में सवाल उठता है कि इसकी जिम्मेदारी किसकी है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा उद्घाटन किए गए एक्सप्रेसवे की स्थिति भी खराब हो गई है और उसमें गड्ढे दिखाई दे रहे हैं।
अखिलेश यादव ने पीडब्ल्यूडी में भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए कहा कि विभाग में लूट मची हुई है। उन्होंने प्रयागराज में कुंभ से लेकर अब तक हुए खर्च का जिक्र करते हुए कहा कि एक लाख करोड़ रुपये से अधिक खर्च किए जा चुके हैं, लेकिन सवाल यह है कि इससे प्रदेश में कितना विकास हुआ। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार हो रहा है और पूरा प्रदेश भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गया है।
‘जयंत चौधरी को 61 सीटें मिलें तो बढ़ेगा सम्मान’
जयंत चौधरी को लेकर अखिलेश यादव ने कहा कि भाजपा अगर उन्हें 61 सीटें देती है, तभी उनका सम्मान माना जाएगा। उन्होंने कहा कि इससे कम सीटें मिलने पर यह जयंत चौधरी का अपमान माना जाएगा।

