लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश के युवाओं को रोजगार, कौशल और आत्मनिर्भरता से जोड़ने के अभियान को नई गति देते हुए सोमवार को इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान, लखनऊ में आईबीएम इंडिया सीएसआर के सहयोग से मेगा जॉब मेला-2026 का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन व्यावसायिक शिक्षा, कौशल विकास एवं उद्यमशीलता राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कपिल देव अग्रवाल ने मुख्य अतिथि के रूप में किया।इस अवसर पर उत्तर प्रदेश कौशल विकास मिशन (यूपीएसडीएम) और आईबीएम इंडिया के बीच एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (एमओयू) का आदान-प्रदान हुआ। इस साझेदारी के तहत प्रदेश के प्रशिक्षण संस्थानों में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई), डिजिटल स्किल्स, उद्योगोन्मुख प्रशिक्षण और रोजगारपरक पाठ्यक्रमों का विस्तार किया जाएगा, जिससे लाखों युवाओं को आधुनिक तकनीकों के अनुरूप प्रशिक्षित किया जा सके।कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कपिल देव अग्रवाल ने कहा कि युवाओं को रोजगार और आत्मनिर्भरता से जोड़ना राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि आज का दौर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और नई तकनीकों का है, इसलिए युवाओं को केवल डिग्री तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि डिजिटल कौशल, तकनीकी दक्षता, प्रभावी संवाद क्षमता और आत्मविश्वास विकसित करना होगा। उन्होंने कहा कि बदलती तकनीक के साथ स्वयं को लगातार अपडेट रखने वाले युवाओं के लिए भविष्य में रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध होंगे।राज्यमंत्री ने युवाओं से किसी भी नौकरी को छोटा न समझने और पूरी लगन, अनुशासन तथा ईमानदारी के साथ कार्य करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि जो व्यक्ति अपने कार्य से संस्था की आवश्यकता बन जाता है, उसके लिए आगे बढ़ने के अवसर स्वतः निर्मित हो जाते हैं। उन्होंने युवाओं को निरंतर सीखने की प्रवृत्ति अपनाने और कौशल प्रशिक्षण का अधिकतम लाभ उठाने की भी सलाह दी।उन्होंने कहा कि निजी क्षेत्र में प्रतिभा और प्रदर्शन के आधार पर तेजी से आगे बढ़ने के पर्याप्त अवसर हैं। प्रदेश सरकार उद्योगों की आवश्यकताओं के अनुरूप युवाओं को तैयार करने और उन्हें रोजगार से जोड़ने के लिए लगातार ऐसे रोजगार मेलों का आयोजन कर रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में शिक्षा, कौशल विकास, रोजगार और उद्यमशीलता को नई दिशा देने के लिए निरंतर कार्य किए जा रहे हैं। सरकार का लक्ष्य प्रत्येक युवा को उसकी योग्यता के अनुरूप प्रशिक्षण और रोजगार उपलब्ध कराकर विकसित उत्तर प्रदेश और विकसित भारत के संकल्प को साकार करना है।
कार्यक्रम में प्रमुख सचिव डॉ. हरिओम ने उत्तर प्रदेश कौशल विकास मिशन की विभिन्न पहलों की जानकारी दी। वहीं आईबीएम इंडिया (दक्षिण एशिया) की सीएसआर प्रमुख शिप्रा शर्मा ने कहा कि यह साझेदारी प्रदेश के युवाओं तक अत्याधुनिक तकनीकी प्रशिक्षण और एआई आधारित शिक्षा पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।एमओयू के आदान-प्रदान के बाद सेरेमोनियल बेल रिंगिंग के साथ मेगा जॉब मेले का औपचारिक शुभारंभ किया गया। कार्यक्रम में यूपीएसडीएम के संयुक्त निदेशक मयंक गंगवार, आईबीएम के प्रतिनिधियों, विभिन्न कंपनियों के अधिकारियों तथा बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।मेगा जॉब मेले में प्रदेश के विभिन्न पॉलीटेक्निक, आईटीआई, इंजीनियरिंग और डिग्री कॉलेजों के 2,000 से अधिक युवाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। वहीं एयरटेल पेमेंट्स बैंक, नायका, टाटा मोटर्स, सुजुकी सहित 20 से अधिक प्रतिष्ठित कंपनियों ने प्रतिभाग कर युवाओं को रोजगार के विविध अवसर उपलब्ध कराए। यह आयोजन प्रदेश के युवाओं को उद्योगों की जरूरतों के अनुरूप कौशल प्रदान करने और रोजगार से जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।

