कोलकाता, एजेंसी। पश्चिम बंगाल में दूसरे चरण के मतदान से पहले सियासी माहौल और गर्म हो गया है। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हुगली में एक जनसभा को संबोधित करते हुए ममता बनर्जी सरकार पर तीखे आरोप लगाए। सीएम योगी ने कहा कि बंगाल अब बदलाव चाहता है और टीएमसी की राजनीति तुष्टिकरण पर आधारित है। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य में घुसपैठ को बढ़ावा दिया जा रहा है और कानून-व्यवस्था की स्थिति खराब हो चुकी है।
हिंदू त्योहारों पर रोक और तुष्टिकरण की राजनीति का आरोप
योगी आदित्यनाथ ने अपने भाषण में कहा ‘बंगाल की डेमोक्रेसी को बदला जा रहा है। यहां जय श्री राम बोलने पर प्रतिबंध लगाया जाता है, मां दुर्गा पूजा और मां दुर्गा पूजा विसर्जन की मूर्ति विसर्जन के शोभा यात्रा को प्रतिबंधित किया जाता है। लेकिन ममता दीदी सड़कों पर नमाज पढ़वाती हैं और इफ्तारी की दावत कराती हैं। कोई भी हिंदू पर्व-त्योहार होने पर कर्फ्यू रहता है, सरेआम हत्या होती है, लव और लैंड जिहाद की घटनाएं घटित हो रही हैं, लेकिन टीएमसी मौन है।’
सीएम योगी ने अपने भाषण में कहा कि पहले चरण के मतदान के बाद टीएमसी में घबराहट है और अब जनता बदलाव के मूड में है। उन्होंने दावा किया कि चुनाव परिणामों के बाद बंगाल में बड़ा राजनीतिक बदलाव देखने को मिलेगा।
टीएमसी ने बंगाल को कंगाल बना दिया- सीएम
उन्होंने ने कहा कि यूपी में गौ माता की रक्षा हो रही है और समाज को बांटने की कोशिशों पर रोक लगी है। उन्होंने 2017 से पहले के यूपी का जिक्र करते हुए कहा कि तब गुंडागर्दी और दंगे आम थे, लेकिन अब पूरी तरह समाप्त हो चुके हैं। ममता बनर्जी पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि ‘राम’ के नारे से उन्हें परेशानी होती है और पिछले 15 साल में टीएमसी ने बंगाल को कंगाल बना दिया है। CM ने आरोप लगाया कि बंगाल में सनातन परंपराओं की खुलकर बात नहीं होती, सड़कों पर नमाज होती है, जबकि दुर्गा विसर्जन पर पाबंदी लगाई जाती है। उन्होंने यह भी कहा कि बंगाल में लव जिहाद और लैंड जिहाद जैसी घटनाएं हो रही हैं, लेकिन टीएमसी इस पर मौन है।

