गुवाहाटी। असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा ने बुधवार को कहा कि उनकी सरकार राज्य की सुरक्षा और विकास सुनिश्चित करने के लिए पूरी तरह समर्पित है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि भाजपा के चुनावी घोषणापत्र में किए गए हर वादे को पूरी निष्ठा के साथ निभाया जाएगा।
लगातार दूसरी बार मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने के बाद अपने पहले आधिकारिक कार्यक्रम में सरमा ने अपने चार कैबिनेट सहयोगियों के साथ असम के पहले मुख्यमंत्री गोपीनाथ बोरदोलोई के स्मारक का दौरा किया। वहां उन्होंने पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। सरमा ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि सरकार ने औपचारिक कामकाज शुरू करने से पहले भारत रत्न गोपीनाथ बोरदोलोई का आशीर्वाद लिया है ताकि असम की प्रगति के लिए निरंतर काम किया जा सके। उन्होंने याद दिलाया कि बोरदोलोई ने आजादी से पहले और बाद में असम और असमिया लोगों की रक्षा के लिए कठिन परिश्रम किया था। मुख्यमंत्री ने उम्मीद जताई कि असम को नई ऊंचाइयों पर ले जाने का उनका सपना जरूर पूरा होगा।
मुख्यमंत्री ने बताया कि नई सरकार की पहली कैबिनेट बैठक बुधवार दोपहर को होगी, जिससे कामकाज की औपचारिक शुरुआत होगी। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि 16वीं असम विधानसभा का पहला सत्र 21 मई से तीन दिनों के लिए आयोजित होने की संभावना है। इस सत्र के दौरान नवनिर्वाचित विधायक पद की शपथ लेंगे। मंत्रिमंडल के विस्तार के बारे में उन्होंने स्पष्ट किया कि यह प्रक्रिया विधानसभा सत्र खत्म होने के बाद की जाएगी।
सरमा ने कहा कि सरकार एक सकारात्मक दृष्टिकोण के साथ काम करेगी। असम, वहां के लोगों और राष्ट्र की सुरक्षा और विकास ही सरकार का प्राथमिक लक्ष्य होगा। उन्होंने जोर देकर कहा कि यह कोई नई सरकार नहीं है, बल्कि पिछली सरकार का ही विस्तार है और वे पूरे मन से काम जारी रखेंगे। उन्होंने कहा कि चुनाव खत्म होने के साथ ही भाषणों का समय भी समाप्त हो गया है और अब लोग उनसे काम की उम्मीद कर रहे हैं।
‘असम की सुरक्षा-विकास के लिए हम प्रतिबद्ध’, शपथ ग्रहण के बाद चुनावी वादों पर बोले सीएम हिमंत बिस्व सरमा

